ब्लैक चैन दो शब्दों के मेल से मिला कर बनाया गया ब्लैक प्लस चैन सरल  शब्दों में बात की जाए तो इसका मतलब है ब्लैक चैन टेक्नोलॉजी मैं सारे डेटा  ब्लॉक से हैं

डाटा अपनी बॉक्स में रखा जाता है अलग-अलग करेंसी का डाटा अलग-अलग बॉक्स में रखा जाता है यह एक दूसरे से जुड़े होते हैं

जैसे हम किसी क्रिप्टो करेंसी एप्स को यूज करते हैं और गलती से उस ऐप को हम  डिलीट कर देते हैं दोबारा इंस्टॉल करने पर हमारा वही डाटा दोबारा रिकवर हो  जाता है

यह सब ब्लाकचैन का ही कमाल है इसी के माध्यम से यह चीज पॉसिबल है यह हर दिन  नए-नए डाटा को जोड़ता है और क्रिप्टोकरंसी में सुरक्षा को बढ़ावा देता है।

इसी कारण से इसे ब्लैकचैन नाम से जाना जाने लगा और दुनिया में आज हर कोई  इसके बारे में जानता है जो लोग क्रिप्टोकरंसी में इन्वेस्ट करते हैं

खासकर उन लोगों को तो यह है जाना जरूरी है कि ब्लैकचैन क्या है दोस्तो आप  इस आर्टिकल में मैंने ब्लैकचेन के बारे में बताने की कोशिश की है

ब्लैकचैन की डिमांड दिन भर दिन भर बढ़ती ही जा रही है जैसे इंटरनेट की  डिमांड बढ़ रही है वैसे ही क्रिप्टोकरंसी डिमांड भी तेजी से बढ़ रही है

किसी भी क्रिप्टोकरंसी को जब है लॉन्च किया जाता है तो सबसे पहले बात तो उसकी सुरक्षा की आती है कि वह कितने सिक्योर है ।

अगर हम इसकी सिक्योर की तरफ ध्यान दे दो यह एक डिजिटल सिस्टम है वैसे तो डिजिटल करेंसी को हैक करना कोई मुश्किल काम नहीं होता

लेकिन ब्लैक चैन एक ऐसा सिस्टम है जिसे हैक करना बहुत ही कठिन काम है इसे ब्लैक चेंज नेटवर्क के नाम से भी जाना जाता है। ज्यादा जानकारी के learn more पर क्लिक करे